कोलेस्ट्रॉल कैसे कम करें, कोलेस्ट्रॉल बढ़ने पर क्या न खाएं, कोलेस्ट्रॉल कम करने का रामबाण इलाज,

कोलेस्ट्रॉल कैसे कम करें, कोलेस्ट्रॉल बढ़ने पर क्या न खाएं, कोलेस्ट्रॉल कम करने का रामबाण इलाज | Cholesterol Kaise Kam Karen, Colestrol Badhane Par Kya Na Khaye, Cholesterol Kam Karane Ka Ramaban Ilaaj

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कोलेस्ट्रॉल कैसे कम करें, कोलेस्ट्रॉल कम करने का रामबाण इलाज

शरीर में कोलेस्ट्रॉल की स्तर को नियंत्रित करना आपके स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है। ऊँचा कोलेस्ट्रॉल धमनियों में जमा होकर दिल की बीमारियों का कारण बन सकता है, जो जीवन के लिए खतरनाक हो सकता है। कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए यहाँ पर कुछ मुख्य बिंदुओं को देखा जाएगा:

१. स्वस्थ आहार

स्वस्थ आहार खाना कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। यहाँ कुछ आहार के प्रस्ताव दिए जा रहे हैं जिन्हें आप अपने आहार में शामिल कर सकते हैं:

  1. अनाज और अनाजी अनाज: अनाज, जैसे कि बार्ली, ओट्स, और ब्राउन राइस, कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद कर सकते हैं। इनमें उच्च फाइबर होता है, जो अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ावा देता है।
  2. फल और सब्जियाँ: फल और सब्जियाँ अच्छे कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं। विशेष रूप से अंतरिक्ष में सेब, संतरे, केले, गाजर, बैंगन, पत्ता गोभी, और पालक जैसे फल और सब्जियाँ शामिल करें।
  3. सेब और नाशपाती का उपयोग: सेब और नाशपाती में प्री-बायोटिक्स होते हैं, जो अच्छे कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ावा देते हैं।
  4. नट्स और बीज: मूंगफली, अलमोंड, वालनट्स, और चिया बीज जैसे नट्स और बीज खाने का समर्थन करें। इनमें अच्छे तरीके से आंतरिक तेल होता है और विभिन्न पोषक तत्व शामिल होते हैं जो कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करते हैं।
  5. दालें और दालें: दालों और दालों को अपने आहार में शामिल करने से फायदा होता है। ये फाइबर, प्रोटीन, और अन्य पोषक तत्वों का अच्छा स्त्रोत होते हैं और कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं।
  6. छोटे पोषण की चीजें: छोटे पोषण की चीजें जैसे दही, पनीर, और ताजा मांस का सेवन कम करें, जो अधिक कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकते हैं।
  7. उपयोग अधिक आंतरिक तेलों: ऑलिव ऑयल, केनोला ऑयल, और मस्टर्ड ऑयल जैसे आंतरिक तेलों का उपयोग करें। ये आंतरिक तेल स्वस्थ हृदय के लिए फायदेमंद होते हैं और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं।

इन स्वस्थ आहार के प्रस्तावों को अपनाकर आप अपने कोलेस्ट्रॉल स्तर को नियंत्रित कर सकते हैं और अपने स्वास्थ्य को सुधार सकते हैं। इसके साथ ही, नियमित व्यायाम और ध्यान भी आपके लिए फायदेमंद हो सकते हैं।

२. नियमित व्यायाम

नियमित व्यायाम करना एक महत्वपूर्ण तरीका है जिससे आप अपने कोलेस्ट्रॉल स्तर को कम कर सकते हैं और अपने स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं। यहाँ कुछ आसान और प्रभावी व्यायाम के प्रस्ताव दिए जा रहे हैं जिन्हें आप अपने दिनचर्या में शामिल कर सकते हैं:

  1. चलना: रोजाना कुछ मिनटों के लिए तेज चलना शुरू करें। धीरे-धीरे, आप अपने प्रतिदिन के चलने के समय को बढ़ा सकते हैं।
  2. दौड़ना: दौड़ना एक अच्छा कार्डियो व्यायाम है जो हृदय को स्वस्थ रखता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करता है।
  3. साइकलिंग: साइकलिंग भी अच्छा कार्डियो व्यायाम है जो आपके हृदय को स्वस्थ रखता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करता है।
  4. योग और प्राणायाम: योग और प्राणायाम आपके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को सुधारने में मदद कर सकते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को भी नियंत्रित कर सकते हैं।
  5. स्विमिंग: स्विमिंग एक अच्छा पूर्ण शारीरिक व्यायाम है जो आपके हृदय को मजबूत रखता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करता है।
  6. वजन प्रशिक्षण: वजन प्रशिक्षण भी आपके शारीरिक स्वास्थ्य को सुधारने में मदद कर सकता है, जो कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद कर सकता है।
  7. नियमितता: नियमित व्यायाम करने में नियमितता महत्वपूर्ण है। प्रति सप्ताह कम से कम 150 मिनट की मात्रा में कार्डियो व्यायाम करें और अन्य शारीरिक व्यायामों को भी शामिल करें।

नियमित व्यायाम करने से आपका शारीर स्वस्थ रहेगा, आपका हृदय मजबूत होगा, और आपका कोलेस्ट्रॉल स्तर भी नियंत्रित रहेगा। याद रहे कि किसी भी व्यायाम योजना की शुरुआत से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श करना हमेशा अच्छा रहता है, विशेष रूप से यदि आपको किसी स्वास्थ्य समस्या का सामना करना पड़ता है।

३. वजन की नियंत्रण

वजन को नियंत्रित रखना और कोलेस्ट्रॉल को कम करना दोनों ही स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण हैं। निम्नलिखित तरीके आपको वजन को नियंत्रित रखने में मदद करेंगे और साथ ही कोलेस्ट्रॉल को भी कम करने में सहायक होंगे:

  1. स्वस्थ आहार: अधिकतम अनुशंसित कैलोरी का पालन करें और स्वस्थ आहार खाएं। सेब, संतरे, खजूर, हरी सब्जियाँ, अनाज, और दालें जैसे पोषण से भरपूर आहार को पसंद करें।
  2. पोषक तत्वों का सेवन: अधिकतम अनुशंसित मात्रा में फल, सब्जियाँ, अनाज, और दालें खाएं, जो अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ावा देते हैं।
  3. प्रतिबंधित भोजन: तेल, घी, मक्खन, और अन्य अत्यधिक तेल वाले भोजन का सेवन कम करें, क्योंकि ये अधिक कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकते हैं।
  4. नियमित व्यायाम: नियमित व्यायाम करने से आपका वजन नियंत्रित रहेगा और कोलेस्ट्रॉल को भी कम करेगा।
  5. पोषण लेबलों का पालन करें: खरीदारी करते समय खाद्य पदार्थों के पोषण लेबलों को पढ़ें और उनमें कोलेस्ट्रॉल स्तर की जानकारी देखें।
  6. नियमित चेकअप: नियमित चेकअप कराएं और अपने डॉक्टर से अपने कोलेस्ट्रॉल स्तर की जांच करवाएं। डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवाओं का सेवन करें।
  7. हाइड्रेटेशन: प्रतिदिन पर्याप्त पानी पिएं, क्योंकि यह आपके शरीर के लिए महत्वपूर्ण है और वजन नियंत्रण में मदद कर सकता है।
  8. समय से समय पर भोजन करें:खाने का समय समय पर होना चाहिए और अधिकतम अनुशंसित कैलोरी की मात्रा में भोजन करें।

इन सरल और प्रभावी तरीकों का पालन करके आप अपने वजन को नियंत्रित रख सकते हैं और साथ ही कोलेस्ट्रॉल स्तर को भी कम कर सकते हैं। ध्यान दें कि यह संदेश केवल सामान्य सलाह है और आपको विशेष चिकित्सा परामर्श के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श करना चाहिए।

४. धूम्रपान और शराब का प्रयोग कम करें

धूम्रपान और शराब का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और साथ ही आपके स्वास्थ्य को भी नुकसान पहुंचा सकता है। यदि आप कोलेस्ट्रॉल को कम करना चाहते हैं, तो धूम्रपान और शराब के सेवन को कम करने की कोशिश करें। यहाँ कुछ उपाय हैं जो आपको इस प्रकार की आदतों को छोड़ने में मदद कर सकते हैं:

  1. संजीवनी व्यक्ति: धूम्रपान और शराब का सेवन को छोड़ने की संकल्पित इच्छा रखें। अपने संबंधित लक्ष्यों और स्वास्थ्य लाभों को ध्यान में रखें।
  2. निर्धारित योजना बनाएं: अपने संदेहजनक संबंधों, घरेलू आदतों, और सामाजिक परिस्थितियों को पहचानें और इसका सामना करने के लिए एक निर्धारित योजना बनाएं।
  3. समर्थन और संबंधों का समर्थन करें: अपने परिवार और मित्रों के साथ अपने लक्ष्यों का समर्थन और सहायता लें।
  4. स्ट्रेस प्रबंधन: स्ट्रेस को संभालने के लिए ध्यान, योग, और अन्य संबंधित तकनीकों का प्रयोग करें।
  5. उपयुक्त प्रशिक्षण: एक पेशेवर संवेदी या संबंधित समर्थन समूह से संपर्क करके सहायता लें।
  6. नियमित स्वास्थ्य जाँच: अपने डॉक्टर की सलाह का पालन करें और नियमित रूप से स्वास्थ्य जाँच कराएं।
  7. विकल्प खोजें: धूम्रपान और शराब के सेवन के स्थान पर स्वस्थ विकल्पों का उपयोग करें, जैसे कि फल और सब्जियों का सेवन करना और नियमित व्यायाम करना।

इन उपायों का पालन करके, आप अपनी धूम्रपान और शराब की आदतों को कम कर सकते हैं और अपने कोलेस्ट्रॉल स्तर को भी संतुलित रख सकते हैं। यदि आपको इन आदतों को बदलने में कठिनाई हो रही है, तो एक स्वास्थ्य पेशेवर से सलाह लें।

५. ध्यान और स्थिरता

ध्यान और स्थिरता प्राप्त करना भी कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मददगार हो सकता है। यहाँ कुछ ध्यान और स्थिरता के तकनीकों को सहायक माना जा सकता है जो कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं:

  1. प्राणायाम और मेधिटेशन: नियमित ध्यान और प्राणायाम करने से मानसिक स्थिति में सुधार होती है, जिससे स्ट्रेस कम होता है और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।
  2. योग: योग अनेक प्रकार के आसनों का संयोजन है, जो शारीरिक और मानसिक स्थिति में सुधार करने में मदद कर सकते हैं, जिससे कोलेस्ट्रॉल को भी कम किया जा सकता है।
  3. प्रत्याहार: प्रत्याहार का अभ्यास करके आप अपने मन को विभिन्न विचारों और इंद्रियों से विचलित कर सकते हैं, जिससे मानसिक स्थिति में स्थिरता प्राप्त होती है।
  4. आत्म-संयम: आत्म-संयम का अभ्यास करें, जैसे कि ध्यान, स्थिरता, और संजमन, जो मानसिक स्थिति को संतुलित और स्थिर रखते हैं।
  5. नियमित व्यायाम: नियमित व्यायाम करने से आपका मन और शरीर स्वस्थ रहेंगे, जो कोलेस्ट्रॉल को भी कम करने में मदद करेगा।
  6. संयोजन: ध्यान और स्थिरता के अभ्यास को अपने दिनचर्या में समाहित करें, जिससे आप इन तकनीकों का नियमित रूप से पालन कर सकें।

ध्यान और स्थिरता के अभ्यास करने से आप अपने मन को शांत और स्थिर रख सकते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में मदद कर सकता है। इन तकनीकों को नियमित रूप से अपनाकर, आप अपने स्वास्थ्य को सुधार सकते हैं और कोलेस्ट्रॉल को कम करने में सहायता प्रदान कर सकते हैं।

६. नियमित चेकअप

नियमित चेकअप कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए एक महत्वपूर्ण उपाय है। नियमित चेकअप के दौरान आपके डॉक्टर आपके कोलेस्ट्रॉल स्तर की जाँच करेंगे और आपको सही दिशा में मार्गदर्शन करेंगे। यहाँ कुछ कार्यक्रम हैं जो आपको नियमित चेकअप के साथ कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद कर सकते हैं:

  1. रोजाना व्यायाम: नियमित व्यायाम करना आपके कोलेस्ट्रॉल स्तर को कम करने में मदद कर सकता है। डॉक्टर से सलाह लें कि आपके लिए कौन से व्यायाम सबसे अधिक लाभदायक हैं।
  2. स्वस्थ आहार: कम फैट और कोलेस्ट्रॉल वाले आहार का सेवन करें, जैसे कि फल, सब्जियाँ, अनाज, और धूप की रोशनी में गुड़ी बनी दालें।
  3. धूम्रपान और शराब का सेवन कम करें: धूम्रपान और शराब का सेवन करने से बचें, क्योंकि ये आपके कोलेस्ट्रॉल स्तर को बढ़ा सकते हैं।
  4. वजन की नियंत्रण: अगर आपका वजन अधिक है, तो डॉक्टर से वजन कम करने के लिए योजना बनाएं। वजन कम करने से भी कोलेस्ट्रॉल कम हो सकता है।
  5. दवाओं का सेवन: डॉक्टर द्वारा सिफारिश की गई दवाओं का सेवन नियमित रूप से करें। यह आपके कोलेस्ट्रॉल स्तर को नियंत्रित करने में मदद कर सकती है।
  6. नियमित स्वास्थ्य जाँच: नियमित रूप से अपने डॉक्टर के पास जाएं और अपने कोलेस्ट्रॉल स्तर की जाँच करवाएं। डॉक्टर द्वारा सलाह दी गई दवाओं का सही तरीके से सेवन करें।

नियमित चेकअप आपके कोलेस्ट्रॉल स्तर को नियंत्रित रखने में मदद करता है, और आपके स्वास्थ्य की समीक्षा करने में भी मदद करता है। इसलिए, समय-समय पर अपने डॉक्टर के साथ नियमित चेकअप कराएं और अपने स्वास्थ्य को बेहतर बनाएं।

सारांश: कोलेस्ट्रॉल कैसे कम करें

कोलेस्ट्रॉल की गतिविधि को नियंत्रित करने के लिए उपरोक्त सुझावों का पालन करें। यह स्वस्थ जीवनशैली के अंग के रूप में स्थायी रूप से अपनाया जा सकता है, जिससे आपका शरीर स्वस्थ रहेगा और आपको अधिक सक्रिय और प्रोडक्टिव महसूस होगा।

कोलेस्ट्रॉल बढ़ने पर क्या न खाएं: आहार और उपाय

कोलेस्ट्रॉल के बढ़ जाने की समस्या आजकल बहुत सामान्य हो गई है। बढ़ते कोलेस्ट्रॉल के स्तर संबंधित बीमारियों का कारण बन सकते हैं, जैसे कि हृदय रोग और दिल की बीमारियाँ। यहां हम उन आहारों के बारे में चर्चा करेंगे जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं, ताकि आप इन्हें अपने आहार से दूर रख सकें।

तेल और तले हुए भोजन

कोलेस्ट्रॉल के बढ़ने पर, आपको अपने आहार में तेल और तले हुए भोजन की मात्रा को कम करने की सलाह दी जाती है। निम्नलिखित आहार उपभोक्ताओं को कोलेस्ट्रॉल स्तर को नियंत्रित रखने के लिए अपने आहार से हटा देना चाहिए:

1. तला हुआ भोजन: तला हुआ भोजन जैसे कि फ्राइड चिकन, समोसे, पकोड़े, और चिप्स अधिक तेल और अनिवार्य वसा का स्रोत होते हैं। इन्हें अपने आहार से हटा दें या कम से कम सेवन करें।

2. अनिवार्य वसा: घी, मक्खन, बटर, और अन्य अनिवार्य वसा वाले आहार भी कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। इन्हें अपने आहार से हटा दें या कम से कम सेवन करें।

3. तेलीय भोजन: तेलीय भोजन जैसे कि डोसा, परांठे, पूरी, और चाट भी अधिक तेल का स्रोत हो सकते हैं। इन्हें भी कम से कम सेवन करें या बिल्कुल छोड़ दें।

4. प्रोसेस्ड फूड: नमकीन, बिस्किट्स, चिप्स, और अन्य प्रोसेस्ड फूड भी अधिक तेलीय मात्रा में होते हैं। इन्हें अपने आहार से हटा दें और स्वस्थ विकल्पों का चयन करें।

5. अन्य तेलीय पदार्थ: और भी कई तेलीय पदार्थ जैसे कि फास्ट फ़ूड, फ्रेंच फ्राइज, और तली हुई नान भी कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकते हैं। इन्हें सेवन से बचें और स्वस्थ आहार का चयन करें।

सारांश: तेल और तले हुए भोजन के सेवन से कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि हो सकती है। इन आहारों को अपने आहार से हटा देना या कम सेवन करना कोलेस्ट्रॉल की स्तर को नियंत्रित रखने में मदद कर सकता है और आपके स्वास्थ्य को बेहतर बना सकता है।

अनिवार्य वसा

अनिवार्य वसा यानी सत्तू वसा का सेवन कोलेस्ट्रॉल स्तर को बढ़ा सकता है, जो आपके दिल के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। निम्नलिखित आहारों को अपने आहार से हटा देना या कम सेवन करना चाहिए:

1. घी: घी में अनिवार्य वसा की मात्रा अधिक होती है, जिससे कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि हो सकती है। इसलिए घी का सेवन कम से कम करें या इसे हटा दें।

2. मक्खन: मक्खन भी अनिवार्य वसा का एक स्रोत है जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है। मक्खन का सेवन कम से कम करें या इसे आपके आहार से हटा दें।

3. बटर: बटर में भी अनिवार्य वसा होता है जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है। इसलिए बटर का सेवन कम से कम करें या इसे आपके आहार से हटा दें।

4. चीस: चीस भी अनिवार्य वसा का एक स्रोत है, खासकर तेजी से पकी हुई चीज़ जैसे कि पिज़्ज़ा, बर्गर, और टेस्टी स्नैक्स में। इसे आपके आहार से हटा दें या कम से कम करें।

5. खाने का तेल: तेल भी अनिवार्य वसा का स्रोत होता है, जो कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकता है। तेल का सेवन कम से कम करें और सेहतमंद तेल जैसे कि ऑलिव ऑयल या कैनोला तेल का उपयोग करें।

6. बाकरी के आटे में तेल: बाकरी के आटे में भी तेल होता है, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है। बाकरी के आटे से बने खाद्य पदार्थों का सेवन कम से कम करें।

7. फ्रेंच फ्राइज: फ्रेंच फ्राइज और अन्य तले हुए स्नैक्स में अनिवार्य वसा का उपयोग होता है, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है। इन्हें अपने आहार से हटा दें या कम से कम करें।

सारांश: अनिवार्य वसा वाले आहारों का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और हृदय स्वास्थ्य के लिए अधिक हानिकारक हो सकता है। इन आहारों को अपने आहार से हटा देना या कम से कम करना हमें स्वस्थ रहने में मदद कर सकता है।

अधिक कोलेस्ट्रॉल वाले आहार

कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि होने पर, आपको उन आहारों का सेवन कम करने की सलाह दी जाती है जो अधिक कोलेस्ट्रॉल को उत्पन्न कर सकते हैं। यहाँ कुछ आहार हैं जिन्हें आपको अपने आहार से हटाना या कम करना चाहिए:

1. अंडे: अंडे के पीले हिस्से में ज्यादा कोलेस्ट्रॉल होता है। इसलिए, अधिक संख्या में अंडे खाने से बचें या इनका सेवन कम से कम करें।

2. मछली: मछली में भी कोलेस्ट्रॉल की मात्रा होती है। तली हुई मछली और फ्राइड मछली से बचें और ग्रिल्ड या बेक्ड मछली का सेवन करें।

3. बकरी का मांस: बकरी का मांस भी अधिक कोलेस्ट्रॉल का स्रोत होता है। इसे अपने आहार से हटा दें या उसका सेवन कम से कम करें।

4. अन्य मांस: अन्य मांस जैसे कि गोश्त, मटन, और स्वांस का सेवन भी कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है। इनका सेवन कम से कम करें।

5. विशेष चिकित्सीय खाद्य: विशेष चिकित्सीय खाद्य जैसे कि कई प्रकार की चिकित्सीय दवाएं, आटोमेटेड सिरप्स, और अन्य दवाएं भी कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। डॉक्टर की सलाह के बिना ऐसी दवाओं का सेवन न करें।

6. अन्य अधिक कोलेस्ट्रॉल वाले आहार: अन्य खाद्य पदार्थ जैसे कि तली हुई नान, फ़ास्ट फ़ूड, चिप्स, और चाट भी कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। इन्हें भी अपने आहार से हटा दें या सेवन कम से कम करें।

सारांश: अधिक कोलेस्ट्रॉल वाले आहारों का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। इन आहारों को अपने आहार से हटा देना या कम सेवन करना स्वस्थ रहने के लिए महत्वपूर्ण है।

तला हुआ स्नैक्स

तला हुआ स्नैक्स अक्सर अधिक तेल और अनिवार्य वसा का स्रोत होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। निम्नलिखित तले हुए स्नैक्स को आपके आहार से हटाने या कम से कम सेवन करने की सलाह दी जाती है:

  1. फ्रेंच फ्राइस: तले हुए आलू या बटाटे के स्लाइस को तेल में तलकर बनाए गए फ्रेंच फ्राइस उच्च तेलीय और कोलेस्ट्रॉल वाले होते हैं। इनके सेवन को कम से कम करें।
  2. पकोड़े: विभिन्न तरह के आटे या दालों से बने पकोड़े तेल में तलकर बनाए जाते हैं। इन्हें खाने की बजाय अधिक सब्जियों या फलों का सेवन करें।
  3. समोसे: समोसे भी तले हुए होते हैं और उनमें अधिक तेल का उपयोग होता है। इन्हें अधिक से अधिक खाने से बचें।
  4. चिप्स: तले हुए आलू चिप्स और अन्य तले हुए अनाज के उत्पाद भी अधिक तेलीय होते हैं और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। इन्हें अधिक से अधिक सेवन से बचें।
  5. नमकीन: नमकीन जैसे कि नमकीन मिश्रण, चटपटा नमकीन, और अन्य तले हुए स्नैक्स भी अधिक तेलीय होते हैं। इन्हें खाने से बचें।
  6. पिज्जा पॉकेट्स: ये मिठा और तला हुआ स्नैक्स होते हैं जो अधिकतम तेल का स्रोत होते हैं। इनका सेवन कम से कम करें या इन्हें न खाएं।
  7. तला हुआ नान: तला हुआ नान भी अधिक तेलीय होता है और कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकता है। इसे अधिक से अधिक खाने से बचें।

सारांश: तले हुए स्नैक्स अधिकतम तेल और अनिवार्य वसा का स्रोत होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं। इन्हें अपने आहार से हटाने या कम से कम सेवन करने की सलाह दी जाती है।

अधिक शुगर

कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि होने पर, आपको उन आहारों का सेवन कम करने की सलाह दी जाती है जो अधिक शुगर को उत्पन्न कर सकते हैं। निम्नलिखित आहारों को अपने आहार से हटाने या कम से कम सेवन करने की सलाह दी जाती है:

  1. शरबत और सोडा: शरबत और कार्बोनेटेड बीवरेज में अधिक मात्रा में शुगर होता है, जो शुगर के स्तर को बढ़ा सकता है। इन्हें अधिक से अधिक सेवन से बचें और स्वस्थ प्राकृतिक पेय पसंद करें।
  2. मिठाई: अधिक शुगर और वसा से भरपूर मिठाई जैसे कि गुलाब जामुन, रसगुल्ला, रसमलाई, और जलेबी का सेवन कम से कम करें।
  3. चॉकलेट बार्स: चॉकलेट बार्स और अन्य मिठाई उत्पादों में अधिक शुगर और तेल होता है। इन्हें अधिक से अधिक सेवन से बचें।
  4. स्वीट्स और डेसर्ट्स: अधिक शुगर से भरपूर स्वीट्स और डेसर्ट्स का सेवन कम से कम करें, जैसे कि केक, पास्त्री, और बिस्किट्स।
  5. फ्रेश फल जूस: फलों के जूस में अधिकतम शुगर की मात्रा होती है। इसे अधिक से अधिक सेवन से बचें और पूरे फल का सेवन करें।
  6. फ्रूट फ्लेवर्ड योगर्ट: फ्रूट फ्लेवर्ड योगर्ट में भी अधिक शुगर होता है। इसे अधिक से अधिक सेवन से बचें और प्राकृतिक योगर्ट का पसंद करें।
  7. कैंडी और चेवड़ा: कैंडी, चेवड़ा, और अन्य प्रकार के बाजार में उपलब्ध खाने के सामग्री में भी अधिक शुगर होता है। इन्हें अधिक से अधिक सेवन से बचें।

सारांश: अधिक शुगर वाले आहारों का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। इन आहारों को अपने आहार से हटाने या कम सेवन करने की सलाह दी जाती है।

शराब और नशीली द्रव्य

कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि होने पर, शराब और नशीले द्रव्यों का सेवन करने से बचना चाहिए। ये द्रव्य आपके शरीर में अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल की वृद्धि को बढ़ा सकते हैं। निम्नलिखित आहारों का सेवन अधिकतम शुगर और तेल के साथ अधिक अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल प्रदान करते हैं, और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकते हैं:

  1. शराब: अधिकतम शराब की मात्रा को नियंत्रित करें या उसे बिल्कुल ही छोड़ दें। शराब में मौजूद अल्कोहल अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल की वृद्धि को प्रोत्साहित कर सकता है और हृदय रोगों का खतरा बढ़ा सकता है।
  2. बीयर: बीयर में भी अधिक तेल और अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल होता है, जो हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। इसे अधिक से अधिक सेवन से बचें।
  3. कॉकटेल्स: अधिक शराब से बनी कॉकटेल्स और ड्रिंक्स भी अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल का स्रोत हो सकते हैं। इन्हें अधिक से अधिक सेवन से बचें या प्राकृतिक नाश्ते का सेवन करें।
  4. लिक्यूर्स: रम, वोडका, व्हिस्की, और अन्य लिक्यूर्स भी अधिक कोलेस्ट्रॉल की वृद्धि को प्रोत्साहित कर सकते हैं। इनका सेवन कम से कम करें या बिल्कुल ही छोड़ दें।
  5. मिठाई शराब: मिठाई शराब में अधिक मात्रा में शुगर और अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल होता है। इसे खाने से बचें और प्राकृतिक फल जूस या पानी का सेवन करें।
  6. कॉफ़ी ड्रिंक्स: कॉफ़ी ड्रिंक्स में शुगर और क्रीमर का सेवन कम से कम करें, क्योंकि ये अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल के स्रोत हो सकते हैं।
  7. शीशे की धूम्रपान: शीशे की धूम्रपान भी निकोटीन और अन्य हानिकारक तत्वों के साथ अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल का स्रोत हो सकता है। इसे बिल्कुल ही छोड़ दें।

सारांश: शराब और नशीले द्रव्यों का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। इन्हें अपने आहार से हटाने या कम सेवन करने की सलाह दी जाती है।

प्रोसेस्ड फूड

कोलेस्ट्रॉल के स्तर में वृद्धि होने पर, आपको प्रोसेस्ड फूड का सेवन कम करने की सलाह दी जाती है। प्रोसेस्ड फूड में अधिक तेल, तेलीय और अनिवार्य वसा, अधिक शुगर, और अन्य अनुपस्थिति के तत्व होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल को बढ़ा सकते हैं। निम्नलिखित प्रोसेस्ड फूड का सेवन कम से कम करें:

  1. फ़ास्ट फ़ूड: फ़ास्ट फ़ूड जैसे कि फ़्रेंच फ्राइज, बर्गर, पिज़्ज़ा, और फ़्रेंच टोस्ट जैसे आहार को अधिक से अधिक खाने से बचें। ये आहार अधिक तेल और अनिवार्य वसा का स्रोत होते हैं।
  2. बेकरी पदार्थ: सफेद आटा, शक्कर, और अनिवार्य वसा से भरे बेकरी पदार्थ जैसे कि केक, कूकीज़, और मफिन्स को अधिक से अधिक खाने से बचें।
  3. किचन रेडी फ़ूड्स: प्रोसेस्ड किचन रेडी फ़ूड्स जैसे कि रेडीमेड पिज़्ज़ा, मैगी, और अन्य आहारों का सेवन कम से कम करें।
  4. स्नैक्स: तले हुए स्नैक्स, नमकीन, चिप्स, और अन्य प्रोसेस्ड स्नैक्स को अधिक से अधिक खाने से बचें। इनमें अधिक तेल और तेलीय वसा होता है।
  5. डेसर्ट्स: प्रोसेस्ड डेसर्ट्स जैसे कि आइसक्रीम, पास्त्री, और केक को कम से कम खाएं। इनमें अधिक शुगर और अनिवार्य वसा होता है।
  6. सॉफ्ट ड्रिंक्स: सॉफ्ट ड्रिंक्स जैसे कि कोला, सोडा, और अन्य मिठे ड्रिंक्स को कम से कम पिएं। इनमें अधिक शुगर होता है।
  7. प्री-पैकेज्ड आहार: प्री-पैकेज्ड आहार जैसे कि सूप, मीटलोफ, और चावल को कम से कम खाएं। इनमें अधिक अनिवार्य वसा और नमक हो सकता है।

सारांश: प्रोसेस्ड फूड का सेवन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकता है और हृदय स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। इन आहारों को अपने आहार से हटाने या कम सेवन करने की सलाह दी जाती है।

सारांश: कोलेस्ट्रॉल बढ़ने पर क्या न खाएं:

कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित करने के लिए, आपको अधिक तेल, तले हुए भोजन, अनिवार्य वसा, और कोलेस्ट्रॉल वाले आहार का सेवन कम करना होगा। इसके अलावा, आपको अधिक शुगर, शराब, नशीले द्रव्य, और प्रोसेस्ड फूड से बचना चाहिए। इन आहारों का सेवन कम करके, आप अपने स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित कर सकते हैं।

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FAQ | कोलेस्ट्रॉल

Q1. कोलेस्ट्रॉल क्या होता है?

Ans – कोलेस्ट्रॉल एक प्रकार का वसा होता है जो हमारे शरीर में निर्मित होता है और हमारी सेहत के लिए आवश्यक होता है।

Q2. क्या कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ने का कारण क्या है?

Ans – अधिक तेलीय आहार, नियमित व्यायाम की कमी, धूम्रपान, और अधिक वजन कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढ़ा सकते हैं।

Q3. कोलेस्ट्रॉल कम करने के लिए उपाय क्या हैं?

Ans – स्वस्थ आहार, नियमित व्यायाम, वजन की नियंत्रण, धूम्रपान और शराब का नियंत्रण, और अन्य नियमित चेकअप करने के उपाय कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद कर सकते हैं।

Q4. क्या कोलेस्ट्रॉल कम करने के लिए आहार में कुछ विशेष चीजें होती हैं?

Ans – हाँ, कुछ आहार में निम्नलिखित चीजें होनी चाहिए: अनाज, फल, सब्जियां, दालें, अदरक, लहसुन, अदरक, और नारियल तेल।

Q5. क्या कोलेस्ट्रॉल के उच्च स्तर के लक्षण होते हैं?

Ans – नहीं, अक्सर कोलेस्ट्रॉल के उच्च स्तर के लक्षण नहीं होते हैं, लेकिन दिल के रोग के जोखिम को कम करने के लिए नियमित चेकअप कराना जरूरी है।

Q6. क्या कोलेस्ट्रॉल लेवल को कैसे नियंत्रित किया जा सकता है?

Ans – नियमित व्यायाम, स्वस्थ आहार, नियमित चेकअप, और दवाओं का सेवन कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद कर सकता है।

Q7. क्या सभी लोग को कोलेस्ट्रॉल चेक करवाना चाहिए?

Ans – हाँ, अधिकतर लोगों को 20 वर्ष की उम्र के बाद, नियमित अंतराल पर कोलेस्ट्रॉल चेक करवाना चाहिए, खासकर वे जो डायबिटीज, धूम्रपान, या दिल की बीमारी के खतरे में हों।

Q8. क्या उम्र बढ़ने से कोलेस्ट्रॉल लेवल बढ़ता है?

Ans – हाँ, उम्र बढ़ने से कोलेस्ट्रॉल लेवल में बढ़ोतरी की संभावना होती है, लेकिन स्वस्थ जीवनशैली और उपचार के माध्यम से इसे नियंत्रित किया जा सकता है।

Q9. क्या कोलेस्ट्रॉल दवाओं का सेवन सुरक्षित है?

Ans – हाँ, कोलेस्ट्रॉल दवाओं का सेवन डॉक्टर की सलाह के अनुसार किया जाना चाहिए और उनके निर्देशों का पालन किया जाना चाहिए।

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